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आरंभ करने की तिथि :
Apr 08, 2026
अंतिम तिथि :
Apr 24, 2026
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6 महीने 1 week पहले
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Subhash Sandilya
6 महीने 1 week पहले
माननीय प्रधानमंत्री जी,
सादर प्रणाम।
आज भारत विश्व में एक मजबूत और उभरती हुई शक्ति के रूप में स्थापित है। आपके नेतृत्व में देश लगातार प्रगति कर रहा है और ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था की ओर बढ़ रहा है। हम सभी को इस पर गर्व है।
लेकिन इसी प्रगति के बीच हमारे छोटे-छोटे बच्चे, विशेषकर पीएम श्री केंद्रीय विद्यालयों में, दो पालियों में पढ़ने को मजबूर हैं। दोपहर की पाली में पढ़ने वाले बच्चे तेज धूप में 12:30 बजे घर से निकलते हैं और शाम 6 बजे तक लौटते हैं। इससे उनका स्वास्थ्य और मन दोनों प्रभावित होते हैं।
सबसे ज्यादा दुख तब होता है जब वे अपने दोस्तों को जल्दी घर आते देखते हैं और सोचते हैं—“हम ही देर से क्यों आते हैं?”
आपसे विनम्र निवेदन है कि इस व्यवस्था को समाप्त कर सभी बच्चों के लिए सुबह की पाली सुनिश्चित की जाए।
धन्यवाद।
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Subhash Sandilya
6 महीने 1 week पहले
माननीय प्रधानमंत्री जी,
सादर प्रणाम।
आज भारत विश्व में एक मजबूत और उभरती हुई शक्ति के रूप में स्थापित है। आपके नेतृत्व में देश लगातार प्रगति कर रहा है और ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था की ओर बढ़ रहा है। हम सभी को इस पर गर्व है।
लेकिन इसी प्रगति के बीच हमारे छोटे-छोटे बच्चे, विशेषकर पीएम श्री केंद्रीय विद्यालयों में, दो पालियों में पढ़ने को मजबूर हैं। दोपहर की पाली में पढ़ने वाले बच्चे तेज धूप में 12:30 बजे घर से निकलते हैं और शाम 6 बजे तक लौटते हैं। इससे उनका स्वास्थ्य और मन दोनों प्रभावित होते हैं।
सबसे ज्यादा दुख तब होता है जब वे अपने दोस्तों को जल्दी घर आते देखते हैं और सोचते हैं—“हम ही देर से क्यों आते हैं?”
आपसे विनम्र निवेदन है कि इस व्यवस्था को समाप्त कर सभी बच्चों के लिए सुबह की पाली सुनिश्चित की जाए।
धन्यवाद।
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Pruthviraj Narvekar
6 महीने 1 week पहले
लोगों से इनकम टैक्स क्यों लिया जाता है, उसके बदले में उन्हें क्या दिया जाता है? सभी सरकारी नौकरों को देने केलिए पगार कहां से आता है, इसका जिक्र हर तिमाही पर बार-बार जनता के सामने किया जाना चाहिए। करीब-करीब सभी सरकारी दफ्तरोंमे ऐसी स्थिति हैं कि, वहां के हर श्रेणी के नौकरों को लगता है कि, वह ही देशका राजा है और किसी काम केलिए सामने आनेवाला टॅक्सपेअर उसका गुलाम, चोर या किसी प्रकारकी भिक/मदद मांगनेवाला भिखारी हैं। इसलिए थोड़ा ज्यादा पैसा हाथ आता तो कुछ लोग देश छोड़कर दुसरी जगहों पर जाने का सोचते हैं, पढ़ाई के नाम पर, नौकरी के नाम पर या रिश्तेदारों को मदद करने हेतु।
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Mamta Yadav
6 महीने 1 week पहले
bahot achaa kar hai ji aap kitna sabke liye karte hai
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Pruthviraj Narvekar
6 महीने 1 week पहले
नमस्कार! माननीय प्रधानमंत्री साहब! हमारे देश की भाषा सब जगह एकही होनी चाहिए। स्कूलों-काॅलेजोंमें, सभी विषय उसी भाषा में लिखकर आने चाहिए। पढ़ाई में, लिखने में, दवाओं के नाम, सभी दफ्तरोंमे, सभी कोर्ट में व्यवहार (लिखना/बोलना) उसी भाषा में होना चाहिए, सभी तरह कें रास्तों के इंडीकेटर, विमान और ट्रेन में उद्घोषणा भी उसी भाषा में होनी चाहिए। इसके लिए कौनसी भी पहलेसे चलनेवाली भाषा लेनें की जरूरत नहीं, सिर्फ ज्यादा बोले जानेवाले शब्द, लेकिन उच्चारण केलिए साफ हो, और दूसरी जगह पर इस्तेमाल ना हों, भले वह कौन-सी भी भाषा से हों। रोज बोले जानेवाले शब्द ही तो होंगे, सब स्वीकृत करेंगे। सभी राज्यों की राज भाषा वही होंगी। अपने देश की यह स्वतंत्र भाषा होंगी। इसे बनाने केलिए पुरे देश में करीब २०० लोगों का पॅनेल बना लेना चाहिए। जल्द ही इसे अनिवार्य करना चाहिए।
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Pruthviraj Narvekar
6 महीने 1 week पहले
सरकार सबसे टॅक्स वसूलती हैं। तो सबकी सुरक्षा की जिम्मेदारी भी सरकार की होनी चाहिए। इसलिए यह काम पुलीस डिपार्टमेंट को दिया है। और वसूले हुए टॅक्स में से ही उनको पगार दिया जाता हैं। लेकिन एकाधिकार पद्धति में खामियां बहुत होती हैं। बहुतसारे लोग तो पार्लियामेंट और असेंबली में से जो मंत्री चुन लिए जाते हैं उन्हीं को सरकार समझते हैं। और उन्हीं की सेवा करना उनकी ड्यूटी समझते हैं। सामान्य जनता पर होनेवाले अन्याय, अत्याचार को वह नज़रंदाज़ करते हैं। इसलिए सामान्य जनता को टॅक्स भरकर भी नुकसान सहना पड़ता है या मार ख़ाना पड़ता है। जनता के टॅक्स भरने सेही उनको पगार मिलता है इसका एहसास उन्हें बार-बार दिलाया जाना चाहिए।
भारतीय साइबर अपराध समन्वय केंद्र (I4C), गृह मंत्रालय के तहत चलनेवाली एक नोडल एजेंसी हैं, जिनका कार्य जनहित में जारी है। उनके पास पहुंचनेपरभी पुलिस डिपार्टमेंट को दुःख होता है। वह victim को ही कोसते रहते हैं।
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Swaminathan Muthaiyan
6 महीने 1 week पहले
Honourable prime minister, This election manifesto and set of promises outline the vision to transform
Tamil Nadu into a fully developed state—one that witnesses continuous and
significant progress across all sectors.
mygov_1776708916173196572.pdf
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Freya Ritesh Prajapati
6 महीने 1 week पहले
Respected Modiji,
I am a Class 10 student writing to you like a granddaughter to her grandfather.Growing up, I thought my brother was careless.He made mistakes with colours in charts and maps.Later we discovered he has colour blindness.It was never carelessness;he was silently struggling.This is very common:1 in 12 boys and 1 in 200 girls.That means almost every classroom has a child like him, yet most remain undiagnosed.Today’s textbooks, exams and diagrams use colours everywhere.Students struggle, but even teachers are unaware.With support from Shivani Bhatt Charitable Foundation, we screened over 10,000 students and found many making wrong career choices and adults facing job rejections in railways, army and aviation as they were never diagnosed.Sir, a simple 1-minute Ishihara test in school check-ups can change millions of lives.We are working on a pilot in Gujarat and have applied for inclusion in the RBSK program; Sir, if you speak about this, it can create nationwide awareness.
mygov_1776707141173080819.pdf
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Rakesh gupta
6 महीने 1 week पहले
आज जिस किसी पुलिस कर्मी, Judicial officers
ने रिश्वत ली है सम्पूर्ण भारत को उन पर गर्व है ,
आप सब की भागीदारी के कारण भी,
हम सभी तरक्की कर सकते हैं
भगवान को चढ़ावा चढ़ाकर
अपने हृदय से सम्पूर्ण
सहयोग सामाजिक कल्याण के लिए खर्च कर दीजिए और प्रासाद के रूप में सभी में बांट दीजिए
मान लीजिए आप का आज का दिन राजयोगी के रूप में मिला है और आपको फैसला करना है कैसे राजा की तरह, प्रजा के लिए फैसले करने है
ताकि सभी का भविष्य संवर सकें
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